आयुष संजीवनी प्रश्नोत्तरी के परिणाम घोषित

MyGov मंच पर आयोजित राष्ट्रीय स्तर की आयुष संजीवनी प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता के विजेताओं के नामों की आज घोषणा की गई। इस प्रतियोगिता का आयोजन आयुष मंत्रालय द्वारा मई-जून 2020 के दौरान किया गया था।

पुरस्कार की तीन श्रेणियों में कुल नौ विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। निशा तमाल को प्रथम पुरस्कार, 25,000 रुपये प्रदान किया गया। द्वितीय पुरस्कार तीन लोगों, डॉ मृणमयी, रोहित और हिमांशु गुप्ता को, 10,000 रुपये प्रत्येक, प्रदान किया गया। तृतीय पुरस्कार पांच लोगों को, 5,000 रुपये प्रत्येक, प्रदान किया गया, जिनके नाम एमिली वसंथा मनोगिरी, डॉ निधि गर्ग, वेदिका गुप्ता, पूजा गोस्वामी और अंशु तिवारी हैं।

कोविड-19 की पृष्ठभूमि में उसके खिलाफ, आयुष संजीवनी प्रश्नोत्तरी ने आयुष समाधानों पर जागरूकता उत्पन्न करने पर प्रभाव डाला है जो कि संक्रमण और बीमारियों से बचाव के लिए उपयोगी हैं। आयुष मंत्रालय द्वारा शुरू की गई राष्ट्रव्यापी प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता को देशभर में बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिली है। इस प्रश्नोत्तरी का विशिष्ट उद्देश्य आयुष संजीवनी मोबाइल ऐप को बढ़ावा देना था, जिसका उपयोग कोविड-19 के निवारक उपायों परआयुष सलाहों के लिए जनता से प्राप्त की गई प्रतिक्रियाओं का अध्ययन करने के लिए किया गया।

MyGov मंच पर आयोजित किए गए इसप्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता अभियान के माध्यम से एक दिलचस्प अंतर्दृष्टि प्राप्त हुई है। इसके लगभग 45% प्रतिभागी 18-24 आयु वर्ग के हैं, जिससे यह पता चलता है कि समाज के इस वर्ग ने कोविड-19 के लिए आयुष समाधानों में सबसे ज्यादा दिलचस्पी दिखाई है। MyGov मंच के माध्यम से सबसे ज्यादा उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और दिल्ली राज्यों से भागीदारी प्राप्त हुई है, जिसे सोशल मीडिया प्रचार द्वारा समर्थित किया गया था।

MyGov पर प्रतियोगिता की मेजबानी करने के अलावा, आयुष संजीवनी ऐप को एक प्रभावी जैविक अभियान और ई-संपर्क न्यूजलेटर के माध्यम से भी बढ़ावा दिया गया था। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 23 मई 2020 को प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता की शुरूआत के दौरान सबसे ज्यादा भागीदारी प्राप्त हुई। महिलाप्रतिभागियों की तुलना में पुरुष प्रतिभागियों की संख्या ज्यादा रही। इससे यह भी पता चला है कि प्रतिभागियों का दायरा छात्र से लेकर किसान तक, व्यापारी से लेकर गृहिणी तक और अन्य श्रेणियों तक विस्तृत रहा है।

आयुष संजीवनी कीपृष्ठभूमि परथोड़ा सा प्रकाश डालने के लिए, यह महामारी के दौरान भारत सरकार के आयुष मंत्रालय द्वारा शुरू किया गया एक मोबाइल ऐप है। यह ऐप भारत के सार्वजनिक स्वास्थ्य अनुसंधान के क्षेत्र में एक उल्लेखनीय कार्य कर रहा है।इसके द्वारा महामारी के परिदृश्य में सार्वजनिक स्वास्थ्य में सुधार लाने के लिए मंत्रालय द्वारा जारी किए गए आधिकारिक सलाह में सूचीबद्ध किए गए आयुष-आधारित प्रथाओं के प्रभावों का अध्ययन किया गया है। इम्युनिटी बढ़ाने की सलाह कोविड-19 महामारी के कठिन समय में प्रदान की गई थी और माना जाता है कि इसके कारण इन कठिन दिनों में लोगों को स्वास्थ्य समस्याओं से दूर रखने में सहायता प्राप्त हुई है।आयुष संजीवनी के पास सवालों की एक श्रृंखला है जिसका उद्देश्य कोविड-19 की रोकथाम के लिए प्रदान की गई उक्त सलाहों के प्रभावों का आकलन करना है। आयुष संजीवनी प्रश्नोत्तरी में भागीदारी के कारण, लोगों को स्वास्थ्य देखभाल के लिए आयुष प्रणालियों कोसामान्य रूप से समझने के लिएऔर विशिष्ट रूप से सलाहों द्वारा समाधान को समझने मेंसहायता प्राप्त हुई है।