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जियो तो ऐसे जियो
 

  • जिंदगी परफेक्ट नहीं हो,तभी चकित करती है

    क्या आप जानते हैं कि उपन्यासकार, इतिहासकार,राजनीतिक विश्लेषक और भारतीय पत्रकारिता की सबसे बुजुर्ग हस्ती खुशवंत सिंह दुनिया से खुद विदा लेना चाहते थे. जी हाँ ! 98 वर्ष के की उम्र में खुशवंत जी ने 18 सितम्बर 2012 को ही नई दिल्ली में कह दिया था कि अब समय आ गया है कि वह […]

  • शिवराज सिंह ने गीता के श्लोक सुनाकर अफसरों को आईना दिखाया

     मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान नौकरशाहों के व्यवहार से खुश नही हैं। आईएएस और आईपीएस अफसरों को आइना दिखाते हुए मुख्यमंत्री ने उन्हें अहंकार त्यागने और सरकार को टेम्पररी और खुद को परमानेंट मानने की मानसिकता छोड़ने की सलाह दी। मुख्यमंत्री ने तो यहां तक कहा कि अहंकार में अफसर यह भूल जाते हैं […]

  • किराया देने के पैसे नहीं थे इसलिए पत्रकारिता छोड़ी, मगर अब….

    मीडिया के क्षेत्र में  ऐसे अजीबोगरीब दास्तानें सामने आ सकती हैं, जब किसी को पत्रकारिता जगत का नोबेल पुरस्कार तब मिले, जब वो पैसे की तंगी या कम तनख्वाह के चलते मीडिया की दुनिया को  ही अलविदा कह चुका हो। कैलीफोर्निया के टोरेंस के एक छोटे से अखबार दे डेली ब्रीज के संवाददाता रॉब कुज्नियां […]

  • इस ग्रामीण बुजुर्ग से कुछ सीखेंगे देश के नेता?

    मन में कुछ कर दिखाने की चाहत हो तो मुश्किल काम भी आसान हो जाते हैं। दमोह जिले के मड़ियादो के समीप मदनटोर गांव के एक बुर्जुग ने ऐसी ही एक मिसाल पेश की है। जीवन के अंतिम पड़ाव में कुछ हटकर कर दिखाने की चाहत और आत्म विश्वास से भरे इस बुजुर्ग ने गांव […]

  • मन की कर,सबकी सुन : दूर होगी मानसिक उधेड़बुन

    आजकल दिमागी द्वंद्व या मानसिक संघर्ष आम बात है। यह आदमी को भीतर से तोड़ देता है। उसकी ज़िंदगी की राहों को अनचाही दिशाओं में मोड़ देता है। जीवन की भागदौड़, परेशानी, धार्मिक, सामाजिक व पारिवारिक दबाव आदि के चलते अक्सर व्यक्ति द्वंद्व का शिकार हो जाता है। द्वंद्व है तो यह शरीर और मन […]

  • सेवा के जुनून में होनहारों ने ठुकराई लाखों की नौकरी !

    लगता है हमारी नई पीढ़ी की सोच अब बदल रही है और साथ ही उसे नया आयाम भी मिल रहा है। क्योंकि, ऐसे समय में जब लोग अधिक से अधिक वेतन वाली नौकरी की तलाश में रहते हैं, लाखों रुपए की नौकरी छोड़कर समाजिक कार्य करना बहुत बड़ी बात है। आईआईटी बॉम्बे से पास कुछ […]

  • मुस्लिम लड़की ने जीती भगवद् गीता पर आयोजित प्रतियोगिता

    12 साल की मरियम सिद्दीकी वैसे तो अपनी क्लास की टॉपर्स में शुमार हैं, लेकिन हाल ही में उन्होंने हिंदू धर्म ग्रंथ भगवद् गीता की एक प्रतियोगिता में पहले पायदान पर पहुंचकर सबको हैरान कर दिया। छठी क्लास में पढ़ रही इस मुस्लिम लड़की ने इस्कॉन की ओर से आयोजित किए गए 'गीता चैंपियंस लीग […]

  • इस देश के बेशर्म नेता, मंत्री और अफसर इस नन्हीं बच्ची से कुछ सीखेंगे?

    नरसिंहपुर(ब्यूरो)। पिछले तीन-चार महीनों से स्कूल में अंधेरा था। न किसी अधिकारी के कानों में जू रेंगी और न किसी नेता का दिल पसीजा। शहर की एक बेटी से रहा न गया तो वो अपने भाई-बहनों की खातिर छात्रवृत्ति और गुल्लक में जमा इकठ्ठे पैसों को ले बिजली विभाग के दफ्तर जा पहुंची। कहा- ये […]

  • बैंक ने लोन नहीं दिया तो आदिवासी महिलाओं ने बनाया खुद का बैंक

    बड़वानी. महिलाओं का सहकारी बैंक। यथा नाम तथा गुण ‘समृद्धि ’। पहले अपने गांव की जरूरतमंद महिलाओं को सशक्त बनाया। 70 लाख रुपए का लोन भी बांटा। अब दूसरे गांव की महिलाओं को सबल करने निकल पड़ी हैं। ये वे ही महिलाएं हैं जिन्हें कुछ साल पहले बैंक ने लोन देने से मना कर दिया […]

  • ये है दूसरी आज़ादी की योध्दाः श्रेया सिंघल

    आईटी ऐक्ट के सेक्शन 66 ए को रद्द करने के ऐतिहासिक फैसले के पीछे दिल्ली की श्रेया सिंघल का बड़ा हाथ है। 21 साल की श्रेया ने ही सुप्रीम कोर्ट में पीआईएल दाखिल की थी जिसके पक्ष में यह फैसला आया है। श्रेया दिल्ली की रहने वाली हैं और कुछ ही समय पहले यूके में […]

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