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मीडिया की दुनिया से
 

  • राजदीप सरदेसाई बोले, मीडिया मोदी के लिए चीयरलीडर्स के तौर पर काम कर रही थी

    वरिष्‍ठ पत्रकार और   टीवी  टुडे   के सलाहकार संपादक  राजदीप सरदेसाई का कहना है कि वर्ष 2014 के चुनावों में प्रधानमत्री नरेंद्र मोदी की राजनीति का विश्‍लेषण करने के बजाय मीडिया उनके लिए चीयरलीडर्स के रूप में काम कर रही थी।     सरदेसाई अलीगढ़ मु‍स्लिम विश्‍वविद्यालय में आयोजित एक सेमिनार को संबोधित कर […]

  • रतन टाटा ने शुरू किया रेलवे के कायाकल्प का काम

    रतन टाटा की अगुवाई में रेलवे के कायाकल्प पर कार्य शुरू हो गया है। रेल मंत्री सुरेश प्रभु की ओर से गठित की गई कायाकल्प काउंसिल ने गुरूवार को यही शुरूआती निर्णय लिया कि दुनिया के विकसित रेल देशों के डाटा का अध्ययन किया जाए। इसका जो निचोड़ निकले उसे भारतीय रेल के कायाकल्प में […]

  • ‘राम की अयोध्या भारत में नहीं पाकिस्तान में’

    एक शीर्ष मुस्लिम नेता की एक किताब में दावा किया गया है कि हिंदुओं के भगवान राम की जन्मस्थली अयोध्या भारत में नहीं पाकिस्तान में है। ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (एआईएमपीएलबी) के सहायक महासचिव अब्दुल रहीम कुरैशी की किताब 'फैक्ट्स ऑफ अयोध्या एपिसोड' के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के फैजाबाद जिले की अयोध्या का […]

  • सलमान खान और अन्य दागी कलाकारोंं का बीमा नहीं करेगी कंपनियाँ

    भले ही मंबई की अदालत  को सलमान खान पर फैसला करने में 13 साल लग गये हों लेकिन बीमा कंपनियों ने उनकी फिल्मों का इंश्योरेंस करते समय तुरंत ही फैसला ले लिया था। इंश्योरेंस कंपनियों ने शूटिंग के लिए उपस्थित नहीं होने की स्थिति में सलमान खान को नॉन अपीयरेंस कवर देने से पहले ही […]

  • बाल भारती की वेबसाईट कविता-कहानियाँ भी सुनाएगी

    बालभारती की वेबसाइट पर जल्‍द ही इसकी बोलती हुई पुस्‍तकें ऑनलाइन की जाएंगी। इनमें गद्य और पद्य पठन के तरीके का ऑडियो उपलब्‍ध होगा। यानी यह पुस्‍तकें बच्‍चों को खुद बताएंगी कि उन्‍हें कैसे पढ़ना है। पुस्‍तकों को पूर्ण रूप से ऑनलाइन करने के साथ ही टॉकिंग बुक्‍स उपलब्‍ध कराने की बालभारती की योजना है। […]

  • पत्रकारिता के ‘ग्राम सुराज’ की ज़रुरत

    ग्रामीण परिवेश के प्रति भारतीय जनमानस में गहरी संवेदनाएं हैं। लेकिन, कुछ क्षेत्रीय समाचार पत्रों को छोड़ दें, तो ग्रामीण पत्रकारिता की स्थिति संतोषजनक कतई नहीं है। दरअसल, यह लाइफ स्टाइल पत्रकारिता का दौर है। भारतीय पत्रकारिता भी इससे अछूती नहीं है। सवाल उठना स्वाभाविक है कि देश की करीब सवा सौ करोड़ आबादी के […]

  • कश्मीरी पंडितों को उनका हक चाहिए

    बीते रविवार को कश्मीर पंडितों के विभिन्न् संगठनों ने दिल्ली में प्रदर्शन कर पुन: पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है। यह अलगाववाद और आतंक की विचारधारा का ही नतीजा है कि विस्थापित कश्मीरी पंडितों के जम्मू-कश्मीर में पुनर्वास की लड़ाई एक महत्वपूर्ण मोड़ पर पहुंच गई है। जाहिर है, कुछ नई चुनौतियां उभर […]

  • बिल गेट्स की नीयत भी ठीक नहीं है सरकार की गोपनीय जाँच

      ग्रीनपीस इंडिया और फोर्ड फाउंडेशन के बाद अब होम मिनिस्ट्री के निशाने पर बिल ऐंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन आ गया है। यह एनजीओ माइक्रोसॉफ्ट के फाउंडर बिल गेट्स और उनकी पत्नी मेलिंडा चलाती हैं।   एक सीनियर सरकारी अधिकारी ने ईटी को बताया कि मिनिस्ट्री इंटेलिजेंस एजेंसियों से इनपुट मिलने के बाद देश की […]

  • खबरिया चैनलों की निगरानी करेगी केजरीवाल सरकार

    आज तक ने खबर दी है कि मीडिया पर आम आदमी पार्टी को खत्म करने की साजिश रचने का आरोप लगाने के चंद रोज बाद अब अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार ने तय किया है कि वह तमाम न्यूज चैनलों के कॉन्टेंट पर कड़ी निगाह रखेगी । दिल्ली सरकार ने अपने अधिकारियों को […]

  • पत्रकारिता और भूकंप को तमाशा बना दिया खबरिया चैनलों ने

    भूकंप पीड़ित नेपाल की जैसी सेवा भारत ने की है, वैसी किसी भी देश ने नहीं की। हमारे प्रधानमंत्री ने नेपाल के लिए मदद उतनी ही तेजी से दौड़ाई, जितनी तेजी से वह भारत के किसी भी क्षेत्र के लिए दौड़ाते। नेपाल के प्रधानमंत्री को उनके देश में भूकंप का पता भी हमारे प्रधानमंत्री के […]

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