ताजा सामाचार

आप यहाँ है :

शेरो शायरी
 

  • कोई पिला रहा है पिए जा रहा हूँ मैं

    कोई पिला रहा है पिए जा रहा हूँ मैं

    बैंगलुरु में देश के महान नेताओं ने शराब को सम्मान देते हुए महंगी से महंगी शराब पीकर शराब को राष्ट्रीय बहस का विषय बना दिया।

  • तुम्हारे लिए एक दुआ…

    तुम्हारे लिए एक दुआ…

    मेरे महबूब ! तुम्हारी ज़िन्दगी में हमेशा मुहब्बत का मौसम रहे... मुहब्बत के मौसम के

  • नज़्म

    अमन पसंदो ! तुम अपने मज़हब के नाम पर क़त्ल करते हो मर्दों को बरहना करते हो औरतों को

  • तिल के लड्डू

    जाड़े में फिर खु़दा ने खिलवाए तिल के लड्डू हर एक खोंमचे में दिखलाए तिल के लड्डू

  • नज़्म

    मेरे महबूब ! तुम्हारा चेहरा मेरा क़ुरान है जिसे मैं

  • *ऐ नये साल*

    ऐ नये साल बता, तुझ में नयापन क्या है? हर तरफ ख़ल्क ने क्यों शोर मचा रखा है?

Back to Top