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चर्चा संगोष्ठी
 

  • दो देशों के बीच मधुर सम्बन्ध बनाता है मीडिया

    भोपाल।  लास एंजेल्स टाइम्स के दक्षिण एशिया के संवाददाता शशांक बंगाली ने छात्रों और पत्रकारों से बातचीत करते हुए पारंपरिक मीडिया और नविन मीडिया पर जानकारी साझा की l उन्होंने कहा न्यू मीडिया पर गुणवत्ता युक्त पत्रकरिता करने से अपनी पहचान बने जा सकती है l सोशल मीडिया का उपयोग कर रहे युवाओं को व्यक्तिगत […]

  • मुस्लिम मानसः बात निकली है तो दूर तलक जाएगी

     संवाद के अवसर हों, तो बातें निकलती हैं और दूर तलक जाती हैं। मुस्लिम समाज की बात हो तो हम काफी संकोच और पूर्वग्रहों से घिर ही जाते हैं। हैदराबाद स्थित मौलाना आजाद नेशनल उर्दू यूर्निवर्सिटी में पिछली 17 और 18 मार्च को ‘मुस्लिम, मीडिया और लोकतंत्र’ विषय पर हुए सेमीनार के लिए हमें इस […]

  • मूल्य जानते सब हैं, पालन करने की जरूरत : सच्चिदानंद जोशी

    मध्यप्रदेश सरकार और माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय की ओर से 'संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी में मूल्यनिष्ठता' विषय पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संविमर्श सम्पन्न भोपाल। प्रत्येक व्यक्ति मूल्यों की जानकारी रखता है। जरूरत बस मूल्यों को सदैव याद रखने और उनका पालन करने है। ये विचार कुशाभाऊ ठाकरे विश्वविद्यालय रायपुर के कुलपति डॉ. सच्चिदानंद जोशी […]

  • गैरबराबरी और बाज़ारवाद की भी शिकार बन गई है नारी शक्ति – डॉ.चन्द्रकुमार जैन

    राजनांदगांव। "पुरुषों की तुलना में स्त्रियों का घट रहा अनुपात एक बेहद खतरनाक भविष्य की ओर संकेत करने लगा है। जन्म से लेकर मृत्यु तक आचार-संहिताओं की हथकड़ियों-बेड़ियों में जकड़ी हुई स्त्री पर अब जन्म से पूर्व ही अस्तित्व का खतरा मंडराने लगा है। कन्या भ्रूण ह्त्या का खौफनाक मंज़र हमारी सभ्यता पर लगातार सवालिया […]

  • आयोजन नए मिज़ाज की एक राष्ट्रीय संगोष्ठी का

    हैदराबाद। विभिन्न विश्वविद्यालयों, संस्थानों और महाविद्यालयों में फरवरी-मार्च के महीने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की संगोष्ठियों के होते हैं. इसलिए अगर विशाखपट्णम में भी हिंदी की कई संगोष्ठियाँ इस दौरान हो रही हैं तो यह सामान्य सी बात है. लेकिन अगर कोई राष्ट्रीय संगोष्ठी ऐसी हो जिसमें भाग लेने वाले विद्वान – अध्यक्ष और मुख्य […]

  • नई सदी की हिंदी कविता पर द्वि-दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी संपन्न

    विजयपुर (कर्नाटक) ।बी.एल.डी.इ संस्था के एस.बी.कला एवं के.सी.पी. विज्ञान महाविद्यालय, विजयपुर(कर्नाटक) तथा रानी चन्नम्मा विश्वविद्यालय कॉलेज हिंदी प्राध्यापक संघ के तत्वावधान में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यू.जी.सी.) के सहयोग से ‘नई सदी की हिंदी कविता : दशा और दिशा’ विषयक द्वि-दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया. यरनाल विरक्त मठ के संगनबसव महास्वामी जी ने दीप […]

  • नया मीडिया तूफान की आहट: विजय सहगल

    भोपाल। सूचना क्रांति ने नए प्रतिमान खड़े किए हैं तो कई चुनौतियां और सवाल भी खड़े हो गए हैं। नए मीडिया की भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। उत्तरप्रदेश और असम में भड़के दंगों के दौरान नए मीडिया की जो भूमिका रही, उससे नए मीडिया की जिम्मेदारी के भाव और विश्‍वसनीयता पर सवाल […]

  • पानी की उपलब्धता अल्प जहां, उद्यमिता, समरसता व जीवन्तता अधिक वहां – मेहता

    उदयपुर। जिन क्षेत्रों में बरसात की कमी से पानी की उपलब्धता अल्प रही है, वहां के समाज में उद्यमिता, समरसता व जीवन्तता अधिक है। राजस्थान के शेखावटी व मारवाड़ सहित पूरा पश्चिमी राजस्थान इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है। इस क्षैत्र ने उच्च कोटि के साहित्यकार, उद्योगपति, रंगकर्मी दिये है। वहीं जहां पानी की बहुतायतता है, वहां […]

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