पश्चिम रेलवे द्वारा महात्मा गांधीजी की जयंती पर ऑनलाइन समारोह

मुंबई। महात्मा गांधीजी की 151 वीं जयंती के उपलक्ष्य में पिछले पखवाड़े में पश्चिम रेलवे द्वारा 16 सितम्बर, 2020 से “स्वच्छ्ता पखवाड़ा” मनाया गया। इसी क्रम में 2 अक्टूबर, 2020 को गांधी जयंती समारोह के एक भाग के रूप में पश्चिम रेलवे द्वारा एक समारोह का आयोजन वेबिनार के रूप में किया गया। पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक श्री आलोक कंसल ने इस गरिमापूर्ण आयोजन की अध्यक्षता की। पश्चिम रेलवे महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा श्रीमती तनुजा कंसल के साथ पश्चिम रेलवे के अपर महाप्रबंधक, विभिन्न विभागों के प्रमुख विभागाध्यक्ष, मंडल रेल प्रबंधकों और उनकी टीमों ने भी इस वेबिनार में भाग लिया। महाप्रबंधक श्री कंसल ने वेबिनार के दौरान प्रदर्शित विभिन्न कार्यक्रमों की सराहना की और आयोजकों को इस ऑनलाइन समारोह को सफल बनाने के लिए हार्दिक बधाई दी।

पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी श्री सुमित ठाकुर द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार इस कार्यक्रम की शुरुआत महात्मा गांधीजी के उपदेशों और संदेशों को याद करने से हुई और यह बताया गया कि गांधीजी के उपदेशों का अनुपालन करते हुए पश्चिम रेलवे ने उनके दिखाये गये मार्ग पर अपना सफ़र कैसे सफलतापूर्वक जारी रखा है। 2 अक्टूबर, 2020 भारतीय इतिहास में एक महत्वपूर्ण दिन है, क्योंकि इस दिन पूरे देश में महात्मा गांधीजी और श्री लाल बहादुर शास्त्रीजी की जयंती मनाई जाती है। इसी दिन 2 अक्टूबर, 2014 को पहली बार माननीय प्रधान मंत्री द्वारा स्वच्छ भारत अभियान शुरू किया गया था और उसके बाद हर साल इस अवसर पर यह अभियान मनाया जाता है। पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी द्वारा स्वागत भाषण के बाद पोरबंदर में गांधीजी के जन्म स्थान पर एक प्रभावी पावर प्वाइंट प्रस्तुति दी गई। बापू के जन्म स्थान को कीर्ति मंदिर कहा जाता है जिसे अब एक संग्रहालय में बदल दिया गया है। गांधीजी से जुड़े पश्चिम रेलवे के अन्य स्टेशनों पर भी पावर पॉइंट प्रेज़ेंटेशन प्रस्तुत किया गया। इसके बाद दीवाल पे बवाल शीर्षक से एक ऑडियो / विजुअल भी दिखाया गया, जिसमें “सलाम रक्षक” परियोजना के तहत पश्चिम रेलवे के विभिन्न स्टेशनों की दीवारों के सौंदर्यीकरण को प्रदर्शित किया गया। यह एक अनूठी पहल है, जिसे पश्चिम रेलवे के साथ समन्वय के ज़रिये क्रियान्वित किया जा रहा है। इस कलात्मक परियोजना में कुल 41 स्टेशन शामिल हैं, जिनमें से पश्चिम रेलवे के चर्चगेट से दहिसर स्टेशन तक के 22 स्टेशन और मध्य रेलवे के सीएसटी से ठाणे तक के 19 स्टेशन कोरोना वारियर्स को समर्पित भित्ति चित्रों से सुशोभित होंगे। वर्तमान में, बोरीवली, मालाड, अंधेरी और सांताक्रुज़ स्टेशनों पर चित्रों का कार्य तैयार है और शेष स्टेशनों पर काम शीघ्र ही शुरू होगा।

इसके बाद, पश्चिम रेलवे के अपर महाप्रबंधक ने पश्चिम रेलवे पर स्वच्छता पखवाड़े के दौरान किए गए विभिन्न कार्यों पर एक प्रेज़ेंटेशन पेश किया। इस प्रस्तुति में यह बताया गया कि पश्चिम रेलवे के अंतर्गत स्वच्छ्ता पखवाड़े के दौरान, कुल 5,63,60,396 वर्गमीटर क्षेत्र और 429 किलोमीटर नालियों की सफाई की गई, 1521 किलोमीटर रेलवे ट्रैक साइड की सफाई और 39.02 टन प्लास्टिक कचरे का संग्रह सुनिश्चित किया गया। साथ ही 475.55 टन कूड़ा एकत्र किया गया। यह भी अवगत कराया गया कि पश्चिम रेलवे पर स्वच्छता मानकों के बारे में ग्राहकों से उत्कृष्ट प्रतिक्रियाएं प्राप्त हुई हैं। इस फीडबैक में, अच्छी और इससे ऊपर की रेटिंग प्लेटफार्मों और परिसंचरण क्षेत्रों की स्वच्छता की श्रेणी में 87% रही, जबकि शौचालयों की सफाई में यह रेटिंग 85%, वेटिंग हॉल की सफाई में 94% और ट्रेनों की सफाई में 79% रही। इस प्रेज़ेंटेशन के बाद गांधीजी के दो पसंदीदा भजनों का गायन और स्वच्छता की संकल्पना पर आधारित एक मनोरंजक नुक्कड़ नाटक का मंचन किया गया, जिसमें स्वस्थ और स्वच्छ वातावरण को सुनिश्चित करने के लिए जागरूकता के साथ मनोरंजक तरीके से महात्मा गांधीजी के प्रभावी उपदेशों और संदेशों को प्रदर्शित किया गया।

मुंबई डिवीजन के डिवीजनल रेलवे मैनेजर द्वारा एक प्रस्तुति दिखाई गई, जिसमें पश्चिम रेलवे महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा श्रीमती तनुजा कंसल की पहल पर आयोजित “स्वच्छ कॉलोनी मेरा अभिमान” प्रतियोगिता के परिणाम दिखाए गए। इसमें मुंबई सेंट्रल मंडल द्वारा पश्चिम रेलवे की 17 रेलवे कॉलोनियों के स्वच्छता मानकों और प्रयासों की 360 ° समीक्षा की गई और 17 प्रतिभागियों में से शीर्ष 5 विजेता रेलवे कॉलोनियों को पश्चिम रेलवे महिला कल्याण संगठन द्वारा सम्मानित एवं पुरस्कृत किया गया। इस अनोखी प्रतियोगिता में पश्चिम रेलवे की अंधेरी (पूर्व) रेलवे कॉलोनी को प्रथम पुरस्कार मिला।

इसके बाद स्वच्छता पर एक छोटी जागरूकता फिल्म “आदत बदलो, भारत बदलो” के शीर्षक के साथ हमारे दैनिक जीवन में सकारात्मक व्यवहार परिवर्तन को लागू करने के लिए दिखाई गई। महाप्रबंधक श्री आलोक कंसल द्वारा साझा किए गए समृद्ध शब्दों और उपाख्यानों के साथ यह कार्यक्रम सम्पन्न हुआ, जिसमें उन्होंने हमारे दैनिक जीवन में स्वच्छता के बारे में महात्मा गांधी जी की मूल्यवान शिक्षाओं और दर्शन को अपनाने पर ज़ोर दिया। उन्होंने कहा कि पश्चिम रेलवे का महात्मा गांधीजी के साथ बहुत गहरा सम्बंध था, क्योंकि न केवल उनका जन्म स्थान पोरबंदर, बल्कि साबरमती, राजकोट और गांधी स्मृति सहित उनके विभिन्न कर्म स्थल भी पश्चिम रेलवे के अधिकार क्षेत्र में आते हैं।