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हिन्दुओं की आबादी घटी, मुस्लिमों की बढ़ी

जाति आधारित जनगणना रिपोर्ट जारी करने की मांग के बीच मोदी सरकार ने मंगलवार को धर्म के आधार पर जनगणना रिपोर्ट जारी कर दी है।

बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले रजिस्ट्रार जनरल एंड सेंसस कमिश्नर की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2001 से 2011 के बीच जहां देश की आबादी में हिंदुओं की हिस्सेदारी फीसदी में 0.7 अंक की गिरावट दर्ज की गई है, वहीं मुसलमानों की हिस्सेदारी फीसदी में 0.8 अंक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

इस अवधि में औसत जनसंख्या वृद्धि दर 17.7 फीसदी रही जबकि मुसलमानों में आबादी 24.6 फीसदी की रफ्तार से बढ़ी। हालांकि वर्ष 1991 से 2001 के बीच मुसलमानों की आबादी बढ़ने की दर 29 फीसदी थी। उसको देखते हुए मुस्लिम आबादी बढ़ने की रफ्तार भी धीमी हुई है।

हिंदुओं की आबादी बढ़ने की रफ्तार 16.8 फीसदी है। देश की कुल 121.09 करोड़ की आबादी में 96.63 करोड़ हिंदू (79.8 फीसदी) और 17.22 करोड़ (14.2 फीसदी) मुस्लिम हैं।
आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान हिंदुओं की तरह ही सिखों और बौद्धों की हिस्सेदारी में भी गिरावट दर्ज की गई, जबकि जैन और ईसाई समुदाय की हिस्सेदारी में कोई खास बदलाव दर्ज नहीं किया गया।

इस अवधि के दौरान सिखों की हिस्सेदारी फीसदी में 0.2 अंक और बौद्धों की हिस्सेदारी फीसदी में 0.1 अंक की गिरावट दर्ज की गई। वर्ष 2011 में देश की आबादी में ईसाइयों की संख्या 2.78 करोड़ (2.78 फीसदी)़, सिखों की संख्या 2.08 करोड़ (1.7 फीसदी), बौद्धों की संख्या 43 लाख (0.7 फीसदी) और जैन धर्म को मानने वालों की संख्या 44 लाख (0.4 फीसदी) थी।

खास बात यह है कि जनगणना के दौरान करीब 29 लाख लोगों ने अपने धर्म की जानकारी देने से इनकार कर दिया। अचानक धर्म आधारित जनसंख्या के आंकड़े जारी करने के सरकार के कदम को बिहार विधानसभा चुनाव के लिए ट्रंप कार्ड के रूप में देखा जा रहा है। वर्ष 1991 से 2001 की अवधि की तुलना में वर्ष 2001 से 2011 के बीच सभी धर्मों की जनसंख्या वृद्धि दर में कमी आई है।

हालांकि वृद्धि दर में सबसे कम गिरावट मुसलमानों में देखा गया। खास बात यह है कि मुसलमानों की कुल आबादी का करीब 50 फीसदी से भी ज्यादा लोग चार राज्यों उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार और असम में हैं।

मुसलमानों की सर्वाधिक जनसंख्या उत्तर प्रदेश (3.85 करोड़), उसके बाद पश्चिम बंगाल (2.47 करोड़), तीसरे नंबर पर बिहार (1.76 करोड़) और चौथे नंबर पर असम (1.07 करोड़) में है।
उत्तर प्रदेश
कुल जनसंख्या- करीब 20 करोड़
ग्रामीण जनसंख्या – 15.5 करोड़
शहरी जनसंख्या – 4.45 करोड़
पुरुष- 10.45 करोड़
महिला- 9.53 करोड़
हिंदू- 15.93 करोड़
मुस्लिम-3.85 करोड़
ईसाई-35.65 लाख
सिख-6.43 लाख
बौद्ध-2.06 लाख
जैन-2.13 लाख

दिल्ली
कुल जनसंख्या-1.68 करोड़
ग्रामीण जनसंख्या- 4.19 लाख
शहरी जनसंख्या- 1.63 करोड़
पुरुष- 90 लाख
महिला- 78 लाख
हिंदू- 1.37 करोड़
मुस्लिम-21.59 लाख
ईसाई-1.46 लाख
सिख-5.70 लाख

बिहार
कुल जनसंख्या-10.40 करोड़
ग्रामीण जनसंख्या- 9.23 करोड़
शहरी जनसंख्या- 1.17 करोड़
हिंदू- 8.61 करोड़
मुस्लिम-1.76 करोड़
ईसाई-1.29 लाख

असम
कुल जनसंख्या-3.12 करोड़
हिंदू- 1.92 करोड़
मुस्लिम-1.06 करोड़

पश्चिम बंगाल
कुल जनसंख्या- 9.13 करोड़
हिंदू- 6.44 करोड़
मुस्लिम-2.47 करोड़

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