आप यहाँ है :

दो मिनट के वीडियो ने बदल दी फुटपाथ पर गाने वाली रानू की ज़िंदगी

कोलकाता । रानाघाट रेलवे स्टेशन के प्लैटफॉर्म पर गाना गाने वाली रानू मंडल के दो मिनट के एक वायरल विडियो ने उन्हें रातोरात सिंगिंग स्टार बना दिया। रानू को रेडियो चैनल्स, फिल्म प्रड्यूसर्स और क्लबों से गाने के कई ऑफर आ रहे हैं।

पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के रानाघाट रेलवे स्टेशन पर गुनगुनाती रानू मारिया मंडल के दो मिनट के वायरल विडियो ने उन्हें रातोरात सिंगिंग स्टार बना दिया। इसके बाद से ही उन्हें गाने के कई ऑफर मिलने लगे। वायरल होने के बाद रानू को लोग ‘रानू दी’ कहकर बुला रहे हैं। इसने उनकी जिंदगी बदलकर रख दी है। इसी विडियो की वजह से रानू से उनकी बेटी ने 10 साल में पहली बार बात की।

रेलवे स्टेशन पर गाने गाकर लोगों से पैसे मांगने वाली रानू का विडियो राणाघाट स्टेशन में कम्यूटर के बतौर काम करने वाले अतींद्र चक्रवर्ती ने शूट किया था, जो 21 जुलाई को सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। विडियो में पीछे से ट्रेनों की आवाज सुनी जा सकती है। लता मंगेशकर के गाए शोर फिल्म के बहुचर्चित गाने ‘इक प्यार का नगमा है..’ गाकर रानू रातोरात सोशल मीडिया सनसनी बन गई थीं। इसके बाद से उन्हें बंगाल में रानू दी के नाम से बुलाया जाने लगा।

इतना ही नहीं, रानू को रेडियो चैनल्स, फिल्म प्रोडक्शन हाउस, लोकल क्लब्स और केरल के एक लोकहितकारी संगठन से गाने के लिए कई ऑफर आए। इसके अलावा एक बंगाली बैंड मे भी उनसे स्टेज शो के लिए संपर्क किया है। रानू के लिए आने वाले फोन को रिसीव करने वाले चक्रवर्ती ने बताया कि इस महीने रानू स्टेज पर गाती हुई भी दिख सकती हैं। उन्होंने बताया कि किसी रिऐलिटी शो के प्रड्यूसर ने भी उनसे संपर्क किया है। वह रानू के लिए फ्लाइट टिकट देने के लिए भी तैयार हैं लेकिन रानू के पास बहुत से दस्तावेज न होने की वजह से वह फिलहाल मुंबई नहीं जा सकतीं।

रानू के दस्तावेज जुटा रहे हैं तपन दास
चक्रवर्ती ने बताया कि कोलकाता में कई प्रड्यूसर्स ने उनसे संपर्क साधा है। वे रानू से प्लेबैक सिंगिंग कराना चाहते हैं। बता दें कि इससे पहले बीते साल के अक्टूबर में रानू के एक पड़ोसी तपन दास ने भी उनके गाने का एक विडियो सोशल मीडिया पर अपलोड किया था। तब उनकी आवाज पर किसी का ज्यादा ध्यान नहीं गया था लेकिन अब बहुत से प्रड्यूसर्स दास के भी संपर्क में हैं। दास फिलहाल, रानू के कुछ दस्तावेज इकट्ठा करने में लगे हैं ताकि उनका बैंक अकाउंट खोला जा सके।

10 साल में पहली बार बेटी ने की बात
रानू बताती हैं कि यह उनकी प्रसिद्धि का पहला मौका नहीं है। इससे पहले जब वह 20 साल की थीं तब एक क्लब के लिए गाना गाती थीं। तब लोग उन्हें ‘रानू बॉबी’ बुलाते थे। उन्होंने बताया कि वह इससे अच्छे पैसे कमा रही थीं लेकिन उनके घर वालों को न तो उनका गाना पसंद आया है और न उनका काम। इसलिए उन्होंने यह सब बंद कर दिया। किस्मत ने रानू को दूसरा मौका दिया है। वह इसे अपना दूसरा जन्म बताती हैं। (एता आमार द्वितीयो जीबन)। लेकिन रानू को जो सबसे बड़ा गिफ्ट इससे मिला है, वह उनकी बेटी है। उन्होंने बताया कि पिछले 10 सालों में पहली बार उनकी बेटी ने उनसे बात की है।

साभार- टाईम्स ऑफ इंडिया से

image_pdfimage_print


सम्बंधित लेख
 

Back to Top