ताजा सामाचार

आप यहाँ है :

असम के मुख्यमंत्री को ‘गो-माँस’ भेंट करने वाली भाजपा नेता गिरफ्तार

असम के नलबाड़ी जिले के गाँव कमरकुची की एक युवती को व्हाटसऐप पर एक ‘आपत्तिजनक पोस्ट’ अपलोड करने के लिए गिरफ्तार किया गया है। पाकीजा बेगम ने इस पोस्ट में राज्य के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा को गाय का माँस ‘उपहार’ देने की बात कही गई थी।

सोशल मीडिया पर पाकीजा बेगम का व्हाट्सऐप स्टेटस का स्क्रीनशॉट वायरल होने के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।

एक शीर्ष पुलिस अधिकारी ने जानकारी देते हुए बताया, “कल एक लड़की ने अपने व्हाट्सऐप स्टेटस में ‘आपत्तिजनक पोस्ट’ अपलोड की। हमने मामला दर्ज किया और उसे गिरफ्तार कर लिया। बाद में उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया क्योंकि यह जमानती अपराध था।”

युवती ने बुधवार को अपने व्हाट्सऐप स्टेटस पर एक मरी हुई गाय की फोटो अपलोड की थी और दूसरी तस्वीर में उसने मुख्यमंत्री हिमांता को गाय का माँस पेश करने का प्रस्ताव रखा था।

पुलिस अधिकारी ने बताया: “लड़की ने कथित तौर पर अपने व्हाट्सऐप स्टेटस में असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा को गो-माँस का एक टुकड़ा ‘उपहार’ करने का उल्लेख किया था। बुधवार को मुस्लिम समुदाय ने पूरी दुनिया में ईद उल अज़हा का त्योहार मनाया। ऐसे में इस तरह की ‘आपत्तिजनक पोस्ट’ का मतलब दो समुदायों के बीच वैमनस्य पैदा करना था।”

आरोपित युवती नलबाड़ी के कमरकुची गाँव के भाजपा के अल्पसंख्यक मोर्चा के पूर्व स्थानीय नेता की बेटी है। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की नलबाड़ी इकाई ने दो समुदायों के बीच सांप्रदायिक विद्वेष पैदा करने का मामला दर्ज कराया है।

विश्व हिंदू परिषद् के एक सदस्य ने कहा, “इस तरह की विवादास्पद पोस्ट हिंदू संस्कृति का अपमान है। हम अपनी संस्कृति का अपमान करने के ऐसे प्रयासों को बर्दाश्त नहीं कर सकते। हिंदू गाय को पवित्र मानते हैं, फिर वह अपने व्हाट्सऐप स्टेटस में ऐसी ‘आपत्तिजनक पोस्ट’ कैसे पोस्ट कर सकती है।”

असम में मवेशियों के अवैध परिवहन और गो-माँस की बिक्री को नियंत्रित करने के लिए राज्य सरकार द्वारा असम मवेशी संरक्षण अधिनियम, 2021 को पेश करने के बाद गिरफ्तारी का यह पहला ऐसा मामला है।

विधेयक में मुख्य रूप से हिंदू, जैन, सिख और अन्य गैर-बीफ खाने वाले समुदायों के निवास स्थान या किसी मंदिर के 5 किमी के दायरे में गोमांस की बिक्री और खरीद पर रोक लगाने का भी प्रस्ताव है।

प्रस्तावित विधेयक में राज्य से बाहर मवेशियों को ढोने पर पूर्ण रोक का प्रावधान है। असम के नए मुख्यमंत्री हिमांता बिस्वा सरमा पशु-तस्करों को लेकर बहुत सख्त रहे हैं। यह विधेयक राज्य में मादक पदार्थों की तस्करी और गैंडों के अवैध शिकार जैसे संगठित अपराधों को समाप्त करने के बड़े अभियान का भी हिस्सा है।

असम के मुख्यमंत्री हिमांता बिस्वा सरमा ने विधेयक को लेकर कहा था कि गायों की तस्करी करने वालों को हर कीमत पर पकड़ा जाएगा। उन्होंने कहा था: “गाय हमारे लिए भगवान की तरह है। यह हमें दूध, उपले देती है। ट्रैक्टर से पहले यह हमारी खेती में मदद करती थी। हमारे पूर्वज खेती पर निर्भर थे।”

image_pdfimage_print


सम्बंधित लेख
 

Back to Top