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डॉ. सुभाष चंद्रा ने कहा, मेरे खिलाफ शिकायतें हार की बौखलाहट का नतीजा

हरियाणा से राज्यसभा के लिए निर्वाचित डॉ, सुभाष चंद्रा ने अपने चुनाव के खिलाफ लगातार आ रही मीडिया रिपोर्टों के खिलाफ चुप्पी तोड़ते हुए कहा है कि ये तमाम कवायद हार से बौखलाए लोगों की खीझ़ का नतीजा है।

डॉ. चंद्रा ने कहा कि ऐसी खबरें आ रही है कि हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी और आर.के. आनंद ने मेरे खिलाफ मतदान में इस्तेमाल होने वाली पेन के बदलने की शिकायत दर्ज कराई है लेकिन मैं ये साफ करना चाहूंगा कि मेरे खिलाफ जो शिकायत दर्ज कराई गई है वो गैर कानूनी है और उनकी हार की बौखलाहट है ।

मेरे खिलाफ की गई शिकायत निराधार है और जिसका उनके पास कोई सबूत नहीं है । दिल्ली में चुनाव आयोग ने पूरी प्रक्रिया की दोबारा जांच की और उसके बाद नतीजों को हरी झंडी दी । चुनाव के ठीक अगले दिन से कांग्रेस और इनेलो के बीच एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया और यही बात और उनके नेताओं के बयानों से साफ होती है ।

13 जून को एक बार फिर मुझ पर आरोप लगाए गए कि मैने चुनाव में इस्तेमाल की जाने वाली कलम बदल कर धांधली करने की कोशिश की है । लेकिन ये बात रिकॉर्ड पर है कि चुनावी प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी थी और किसी को इस बात का अंदाज़ा नहीं था कि वोटों की गिनती के दौरान कांग्रेस के कई वोट निरस्त हो जाएंगे ।

मीडिया में आई कुछ रिपोर्ट्स के हवाले से मैं ये बात रखना चाहूंगा –
o 31 मई से पहले तक इनेलो ने ये साफ किया था कि अपने प्रत्याशी के लिए कांग्रेस का समर्थन नहीं लेंगे ।

o 1 से लेकर 10 जून के बीच ऐसी मीडिया रिपोर्ट्स आई जिनमें कांग्रेस ने आर. के. आनंद से दूरी बनाई । इनेलो नेता अभय चौटाला ने ये तक कहा कि अगर कांग्रेस आर. के. आनंद का समर्थन करती है तो इससे इनेलो का कोई लेना देना नहीं है ।

o 10 जून को अचानक आर. के. आनंद ने अपनी आस्था इनेलो से हटा कर कांग्रेस में जताई और कहा कि वो कांग्रेस की नीतियों का समर्थन करेंगे ।

o मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इनेलो और कांग्रेस ने एक-दूसरे पर बीजेपी के साथ साठगांठ करने के आरोप भी लगाए ।

o बैलट पेपर पर वॉयलेट स्केच पेन से मार्क करने के चुनाव आयोग के निर्देश के बावजूद कुछ विधायकों ने जानबूझकर गलत तरीके से वोटिंग की, जिसकी वजह से उनका मत खारिज हो गया ।

ये बात भी संज्ञान में लाना जरूरी है कि कांग्रेस और इनेलो के द्वारा चुनाव से पहले आर.के. आनंद को वोट डालने के लिए व्हिप जारी करना सेक्शन 171 C इंडियन पिनल कोड के मुताबिक दंडनीय अपराध है ।

चुनाव के बाद जो घटनाक्रम हो रहे हैं वो मेरे व्यक्तित्व और लोकप्रियता को नुकसान पहुंचा रहे हैं यहां तक कि चुनाव आयोग जिसने पारदर्शी तरीके से चुनाव करवाया उनके खिलाफ शिकायतें की जा रही है जो कि पूरी तरह से शिकायतकर्ता की कल्पना पर आधारित है ।

मैं एक बार फिर से ये साफ करना चाहूंगा कि मैं एक ईमानदार प्रत्याशी हूं और मेरा मकसद सिर्फ हरियाणा के हितों के लिए काम करना है ।

मीडिया संपर्क
दिनेश शर्मा
9891407071
[email protected]

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