कोटा।  भारतेंदु हरिश्चंद्र की 176वीं जयंती और श्रीभारतेंदु समिति के शताब्दी समारोह माहेश्वरी भवन में मनाया गया। समारोह में समारोह में मध्यप्रदेश साहित्य अकादमी के निदेशक डॉ. विकास दवे को हनुमान प्रसाद सक्सेना हिंदी सम्मान, राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित आस्था सक्सेना को स्वर सुधाश्री सम्मान  किया गया। साहित्य,कला, संस्कृति, इतिहास लेखक डॉ. प्रभात कुमार सिंघल सहित 18 अन्य साहित्यकारों को साहित्यश्री  सम्मान से सम्मानित किया गया।
समारोह में मुख्य अतिथि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि साहित्यकार अपनी लेखनी के माध्यम से समाज में संस्कार, संवेदना और राष्ट्रीय चेतना का संचार करते हैं।
उन्होंने कहा अवसाद में पुस्तक सबसे अच्छा साथी है। हाड़ौती के साहित्यकार देश विदेश में नाम रोशन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कोटा में शीघ्र ही पुस्तक मेले और साहित्यकारों का विशाल कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम समन्वयक  राजेश बिरला कहा कि 1926 में गठित यह संस्था आज वटवृक्ष का रूप ले चुकी है।
समारोह में मंजू महिमा (अहमदाबाद), डॉ. कमल बाला मर्मज्ञ (बेंगलुरु), कर्नल प्रवीण त्रिपाठी (दिल्ली), जगदीश प्रसाद (दौसा), दयाल परमार (छबड़ा), कोटा के डॉ. मोहनलाल साह, श्यामा शर्मा, अनुराधा  पुरोहित, राधेश्याम शर्मा, संजू श्रृंगी, अनुज्ञा, बाबू बंजारा, हेमेन्द्र सिंह (तेलंगाना), ज्ञानचंद  विजय शर्मा, रामगोपाल गौतम शैलजा विजय, नीलाक्षी श्रीवास्तव, प्रशांत टहल्यानी को साहित्यश्री सम्मान से सम्मानित किया गया।
समिति अध्यक्ष हरि कृष्ण बिड़ला से सभी का स्वागत किया। संयोजक एवं संचालन रामेश्वर शर्मा 'रामू भैया' ने किया, सचिव सुनील जायसवाल ने आभार जताया। बड़ी संख्या में साहित्यकार और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सुबह हरिश्चंद्र भारतेंदु की प्रतिमा पर सामूहिक मालार्पण किया गया।