इंदौर। मध्य प्रदेश हादसा केवल किसी व्यक्ति की जान नहीं लेता है बल्कि वह उसके परिवार को भी तोड़ देता है। एक ऐसा ही हादसा इंदौर में भी हुआ जहां जैन समाज के चार सदस्यों की सड़क हादसे में मौत हो गई। यह सभी अपने परिवार की आय का मुख्य जरिया थे। इस मुश्किल की घड़ी में जैन समाज ने एक मिसाल कायम की है। जैन समाज ने इस परिवार के बेटे और बेटियों की मदद के लिए हाथ बढ़ाते हुए 25 लाख रुपये की सहायता राशि जुटाई है। इस राशि के जरिए इन परिवार के बच्चों की शिक्षा, उनके स्वास्थ्य और नौकरी की जिम्मेदारियां पूरी की जाएगी।
अंतिम संस्कार के बाद होने वाली शोकसभा में परिवार से जुड़े सुदीप्त जैन ने समाज के समक्ष प्रस्ताव रखा की शोकाकुल परिवारों की आर्थिक मदद की जाए, ताकि बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य खर्चो में सहयोग हो सके। उनकी इस पहल के बाद शोकसभा में एक के बाद एक मदद का ऐलान होता गया।
जैन समाज में पंच कल्याणक, निर्वाण लाडू, मुनियों के पाद पूजन और मंदिर के कलश के लिए बोलियां लगती रही है। यह पहली बार है कि इस तरह किसी परिवार की आर्थिक मदद के लिए इस तरह शोकसभा में बोली लगाकर मदद इकठ्ठा की गई।
जैन समाज के यह चारों सदस्य समाज की मदद के लिए हर समय तैयार रहते थे। सामाजिक , धार्मिक आयोजन हो या फिर किसी को मदद की जरूरत हो यह चारों सबसे आगे रहते थे। समाज में यदि इनके जिम्मे कोई काम सौप दिया जाता था तो सब बेफ्रिक हो जाते थे। समाज के लिए आर्थिक मदद जुटाने में इन चारों की जोड़ी पहल और मदद करती रहती थी। ऐसे में जब इस परिवार पर यह आपदा आई तो समाज खुलकर मदद के लिए आगे आया।
यह सभी मक्सी स्थित भगवान पारसनाथ मंदिर के सालाना रंगपंचमी मेले में शामिल होने इंदौर से जा रहे थे। हादसा मक्सी से 3 किमी पहले प्रवेश द्वार पर हुआ। एक बाइक सवार को बचाने में संतुलन बिगड़ा और उनकी कार इंट्री गेट से टकरा गई। इस हादसे में इंदौर के वीरेंद्र कुमार राजेंद्र कुमार जैन (55) निवासी मोती महल इतवारिया बाजार, संजय घासीलाल जैन सुदामा नगर, जंबूकुमार मांगीलाल जैन (45) निवासी खजूरी बाजार और दिनेश कुमार राजकुमार जैन (55) निवासी जनता कॉलोनी है।
फोटो: शोक सभा की फोटो
साभार- http://hindi.news18.com/ से
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