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श्रद्धांजलि
 

  • माथुर साहब ने अपने संपादकीय के खिलाफ लिखा वो लेख नोटिस बोर्ड पर लगवा दिया

    माथुर साहब ने अपने संपादकीय के खिलाफ लिखा वो लेख नोटिस बोर्ड पर लगवा दिया

    और भी बहुत सारे अनुभव हैं राजेंद्र माथुर जी के साथ मेरे और तमाम साथियों के। उन दिनों बहादुरशाह जफर मार्ग में टाइम्स और एक्सप्रेस के दफ्तरों में काम करने वाले पत्रकारों का आपस में खूब आना-जाना होता था।

  • राजेंद्र माथुर की पत्रकारिता और आज की पतन की पत्रकारिता

    राजेंद्र माथुर की पत्रकारिता और आज की पतन की पत्रकारिता

    माथुर साहब के मित्र और पाठक उन्हें रज्जू बाबू के प्रिय सम्बोधन से ही जानते थे।’नई दुनिया’अख़बार के दफ़्तर में भी उनके लिए यही सम्बोधन प्रचलित था- मालिकों से लेकर सेवकों और उनसे मिलने के लिए आने वाले पत्रकार-लेखकों तक।

  • सुबह -सुबह फोन करके माथुर साहब ने पूछा ये खबर किसने लिखी?

    सुबह -सुबह फोन करके माथुर साहब ने पूछा ये खबर किसने लिखी?

    वह लड़का मैं था। और ‘नवभारत टाइम्स’ में मैं अकेला ऐसा लड़का नहीं था। माथुर जी ने इसी तरह खोज-खोज कर अनगिनत लोगों को चीन्हा, बरसों के अनुभवी दिग्गजों से लेकर नए ‘बच्चा पत्रकारों’ और दूरदराज इलाकों से लिख रहे ‘फ्रीलांसलरों’ तक को उन्होंने ढूंढा,

  • किस्सा एक झाँसेबाज प्रकाशक का…

    किस्सा एक झाँसेबाज प्रकाशक का…

    अरे लखनऊ और गोरखपुर का अधिकांश लेखक समाज भी नहीं जानता कई दिवंगत लेखकों के परिजनों को। कैसे-कैसे मैं पहुंचा हूं , उन के परिजनों तक और कैसे तो उन की रचना प्राप्त की है , कितनों का सहयोग लिया है , मैं ही जानता हूं या भगवान जानता है।

  • बिखेर कर गईं गीतों की माया

    फिल्मों में सक्रिय रहते हुए भी माया जी साहित्य की सतत सेवा करती रहीं. उनकी लगभग एक दर्जन पुस्तकें गीतों कि दुनिया को समृद्ध करतीं है. उनके रचना संसार पर शोध भी हुए मया जी का जीवन संघर्षों की अथक कहानी है .

  • कुंदनलाल सहगलः सुरीले सुरों का जादूगर

    कुंदनलाल सहगलः सुरीले सुरों का जादूगर

    कोलकत्ता में उनके सम्मान में एक बड़ा आयोजन होने वाला था।सहगल साहब अपनी पत्नी आशा रानी के साथ कार द्वारा कानपुर के रास्ते कलकत्ता जा रहे थे।कानपुर पहुंचने पर सहगल ने ड्रावर से रुकने के लिए कहा।

  • प्रोफेसर अच्युत सामंत ने मनाया अपने स्व.पिताजी अनादिचरण सामंत का 53वां श्राद्धदिवस

    प्रोफेसर अच्युत सामंत ने मनाया अपने स्व.पिताजी अनादिचरण सामंत का 53वां श्राद्धदिवस

    कीट-कीस के प्राणप्रतिष्ठाता तथा कंधमाल लोकसभा सांसद प्रोफेसर अच्युत सामंत ने 19मार्च को अपने नयापली किराये के मकान पर अपने स्व.पिताजी अनादिचरण सामंत का 53वां श्राद्धदिवस मनाया।

  • मुझे भी पता नहीं था कि काश्मीर में क्या हुआ था?

    मुझे भी पता नहीं था कि काश्मीर में क्या हुआ था?

    हमें अपनी कहानी खुद कहनी होगी. हम नहीं कहेंगे तो कोई और कहेगा. कोई मणि रत्नम "रोजा" बनाएगा जिसमें आतंकवादी को आँसू पोछते हुए दिखाया जाएगा. कोई विधु विनोद चोपड़ा "शिकारा" बनाएगा जिसमें काश्मीरी हिंदुओं की व्यथा का मजाक बनाया जाएगा.

  • संगीत-जगत के शिखरपुरुष : कुंदनलाल सहगल

    संगीत-जगत के शिखरपुरुष : कुंदनलाल सहगल

    सहगल साहब का जन्म 11 अप्रैल 1904 को जम्मू के नवाशहर में हुआ था और बाद में यह परिवार जालंधर में रहने लगा था। इनके पिता अमरचंद सहगल के दो बेटे थे: रामलाल और हज़ारीलाल। तीसरे का नाम रखा गया कुंदन लाल।

  • पत्रकार स्वप्निल श्रीवास्तव पर  हमला

    पत्रकार स्वप्निल श्रीवास्तव पर हमला

    जिक्र कर दिया जो उन्होंने कुछ दिनों पहले एक प्रेस कांफ्रेन्स के दौरान बोला था कि 'उन्होंने उत्तरप्रदेश को आर्थिक रूप से दूसरे पायदान पर लाकर खड़ा कर दिया है

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