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  • शक्ति को सृजन में लगाएँ मोदी जी

    शक्ति को सृजन में लगाएँ मोदी जी

    पिछले कुछ दिनों से सार्वजनिक जीवन में जैसी कड़वाहटें, चीख-चिल्लाहटें, शोर-शराबा और आरोप-प्रत्यारोप अपनी जगह बना रहे हैं, उससे हम देश की ऊर्जा को नष्ट होता हुआ ही देख रहे हैं। भाषा की अभद्रता ने जिस तरह मुख्य धारा की राजनीति में अपनी जगह बनाई है, वह चौंकाने वाली है।

  • शिक्षा परिसर राजनीति मुक्त नहीं, संस्कार युक्त हों

    शिक्षा परिसर राजनीति मुक्त नहीं, संस्कार युक्त हों

    हमारे कुछ शिक्षा परिसर इन दिनों विवादों में हैं। ये विवाद कुछ प्रायोजित भी हैं, तो कुछ वास्तविक भी। विचारधाराएं परिसरों को आक्रांत कर रही हैं और राजनीति भयभीत।

  • राज्य की राजनिति को एक नई दिशा देनी होगी जिस से कश्मीरियत भारतीयता की प्रतिद्वन्धी न दिखे

    राज्य की राजनिति को एक नई दिशा देनी होगी जिस से कश्मीरियत भारतीयता की प्रतिद्वन्धी न दिखे

    बीजेपी यह कह रही है की १ मार्च २०१५ वाले पीडीपी बीजेपी के जम्मू कश्मीर में सरकार वनाने के पहले लिखे गए एजेंडा ऑफ़ अलायन्स पर उस की आस्था पूरी है

  • आम आदमी का रास्ता विरोध नही छाया मंत्री  मंडल है

    आम आदमी का रास्ता विरोध नही छाया मंत्री मंडल है

    आम आमी पार्टी दिल्ली सरकार १४ फेबुरी में एक साल पूरा करेगी. दिल्ली की विधान सभा में 70 में से 67 एम एल ए लेकर आई आप पार्टी के काम काज को लेकर कुछ देसी -विदेशी भारतीय नाखुश हैं. आप पार्टी के लिए तन-मन-धन से काम किया था या कर रहे है, परन्तु अब वे इस पार्टी के विज़न और पारदर्शिता में भटकाव देखते हैं.

  • अमित शाहः कांटों का ताज

    अमित शाहः कांटों का ताज

    भारतीय जनता पार्टी ने अंततः अमित शाह को दुबारा अपना अध्यक्ष बनाकर यह संदेश दे दिया है कि पार्टी में ‘मोदी समय’ अभी जारी रहेगा।

  • विस्थापित कश्मीरी पंडितों की चिंता किसी को नहीं

    विस्थापित कश्मीरी पंडितों की चिंता किसी को नहीं

    १९९० की त्रासदी के बाद भी केंद्र ने जमीनी स्तर पर जम्मू कश्मीर के प्रति अपनी न निति बदली थी और न ही अपने सलाहकारों की श्रेणी वदली थी.

  • छात्र आंदोलनः खो गया है रास्ता

    छात्र आंदोलनः खो गया है रास्ता

    हैदराबाद विश्वविद्यालय के छात्र रोहित वेमूला की आत्महत्या की घटना ने हमारे शिक्षा परिसरों को बेनकाब कर दिया है। सामाजिक-राजनीतिक संगठनों में काम करने वाले छात्र अगर निराशा में मौत चुन रहे हैं, तो हमें सोचना होगा कि हम कैसा समाज बना रहे हैं? किसी राजनीति या विचारधारा से सहमति-असहमति एक अलग बात है, किंतु बात आत्महत्या तक पहुंच जाए तो चिंताएं स्वाभाविक हैं।

  • सांप्रदायिकता से कौन लड़ना चाहता है?

    सांप्रदायिकता से कौन लड़ना चाहता है?

    देश भर के तमाम हिस्सों से सांप्रदायिक उफान, गुस्सा और हिंसक घटनाएं सुनने में आ रही हैं। वह भी उस समय जब हम अपनी सुरक्षा चुनौतियों से गंभीर रूप से जूझ रहे हैं।

  • सामना, शहादत और मातम!

    सामना, शहादत और मातम!

    पाकिस्तान सेना का कलेजा अपने मासूम बच्चों के जनाजों को कंधा देते हुए नहीं कांपा (पेशावर काण्ड) तो पड़ोसी मुल्क के नागरिकों और सैनिकों की मौत उनके लिए क्या मायने रखती है।

  • पश्चिम रेलवे ने जीते 5 राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण पुरस्कारॉ

    पश्चिम रेलवे ने जीते 5 राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण पुरस्कारॉ

    मुंबई।पश्चिम रेलवे ने पिछले कुछ वर्षों के विजयी सिलसिले को जारी रखते हुए इस बार भी विभिन्न श्रेणियों में ऊर्जा मंत्रालय द्वारा स्थापित 5 राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार जीते हैं। ये पुरस्कार प्रतिवर्ष राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण दिवस पर प्रदान किये जाते हैं। पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक श्री जी. सी. अग्रवाल ने इस गौरवपूर्ण उपलब्धि के लिए पूरी टीम को बधाई दी है।

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