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भारत गौरव
 

  • भारत के मशहूर वास्तुविद बालकृष्ण दोशी प्रतिष्ठित प्रित्जकर पुरस्कार से सम्मानित

    भारत के मशहूर वास्तुविद बालकृष्ण दोशी प्रतिष्ठित प्रित्जकर पुरस्कार से सम्मानित

    भारत के मशहूर वास्तुविद बालकृष्ण दोशी को नोबल पुरस्कार के बराबर माने जाने प्रतिष्ठित प्रित्जकर पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। यह पुरस्कार आर्किटेक्चर क्षेत्र में बेहतरीन कार्य करने वालों को दिया जाता है। पुणे में जन्मे 90 साल के दोशी इस सम्मान को पाने वाले पहले भारतीय हैं। यह पुरस्कार पाने वालों में दुनिया के मशहूर आर्किटेक्ट जाहा हदीद, फ्रैंक गहरी, आईएम पेई और शिगेरू बान के नाम शामिल हैं।

  • सादगी, निष्ठा और संस्कारों की पूँजी से दुनिया भर में धाक जमाई है सूरत के हीरा कारोबारियों ने

    सादगी, निष्ठा और संस्कारों की पूँजी से दुनिया भर में धाक जमाई है सूरत के हीरा कारोबारियों ने

    बीते कुछ हफ्तों में नीरव मोदी और मेहुल चोकसी पर बहुत कीचड़ उछाला गया है. यह उचित ही है. लेकिन इस कारण से गुजरात के तमाम मेहनतकश हीरा कारोबारी भी बदनाम हुए. यह उनके साथ सरासर नाइंसाफी है. दुर्भाग्य है कि कुछ लोगों की बेईमानियों का खामियाजा उस तमाम व्यापारियों को भुगतना पड़ रहा है, जिन्होंने इतने दिनों की मेहनत, लगन और भाईचारे से भारत और खास तौर पर सूरत को डायमंड एक्सपोर्ट हब के रूप में दुनिया भर में स्थापित कर दिखाया।

  • मुख्यमंत्री डॉ, रमन सिंह से मिले अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता स्कूली छात्र

    मुख्यमंत्री डॉ, रमन सिंह से मिले अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता स्कूली छात्र

    छत्तीसगढ़ के दो स्कूली बच्चों द्वारा तैयार कम्प्यूटर एप्लीकेशन को पहली बार अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कृत किया गया है। इस एप्लीकेशन को तैयार करने वाले छात्र राजधानी रायपुर के भारतीय विद्या भवन स्कूल के कक्षा 11वीं के छात्र श्रेष्ठ अग्रवाल ने स्कूल के प्राचार्य श्री अमिताभ घोष के साथ मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह से मंत्रालय (महानदी भवन) स्थित उनके कार्यालय कक्ष में मुलाकात की और उन्हें अपनी उपलब्धियों के बारे में बताया। मुख्यमंत्री ने इस उपलब्धि के लिए छात्र श्रेष्ठ अग्रवाल और स्कूल के प्राचार्य को बधाई और शुभकामनाएं दी।

  • देव संस्कृति विश्वविद्यालय  का लोकार्पण

    देव संस्कृति विश्वविद्यालय का लोकार्पण

    रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने दुर्ग जिले में कुम्हारी के पास सांकरा स्थित देव संस्कृति विश्वविद्यालय के विशाल भवन का लोकार्पण किया। इस विश्वविद्यालय की स्थापना अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा की गई है। मुख्यमंत्री ने इसके लिए गायत्री परिवार के सभी सदस्यों और पदाधिकारियों को बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा - छत्तीसगढ़ में भारतीय संस्कृति के अध्ययन में इस विश्वविद्यालय का महत्वपूर्ण योगदान होगा।

  • छत्तीसगढ़ को साक्षरता में चार राष्ट्रीय पुरस्कार

    छत्तीसगढ़ को साक्षरता में चार राष्ट्रीय पुरस्कार

    रायपुर।अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर उप राष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने शुक्रवार को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में छत्तीसगढ़ के दो नक्सल हिंसा पीड़ित जिलों - दंतेवाड़ा और जशपुर को राष्ट्रीय साक्षरता पुरस्कार से सम्मानित किया। उन्होंने छत्तीसगढ़ की दो ग्राम पंचायतों - कर्माहा (जिला-सरगुजा) और टेमरी (जिला रायपुर) को भी अक्षर भारत राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाजा। इस प्रकार छत्तीसगढ़ को आज राष्ट्रीय स्तर के चार पुरस्कार प्राप्त हुए। उल्लेखनीय है कि आज के समारोह में देश के विभिन्न राज्यों को कुल ग्यारह राष्ट्रीय पुरस्कार दिए गए। इनमें से चार पुरस्कार छत्तीसगढ़ को मिले।

  • देश का इतिहास नए सिरे से लिखने के लिए सरकार ने बनाई समिति

    एनडीटीवी की एक खबर के अनुसार, मोदी सरकार भारतीय इतिहास को दोबारा से लिखने का प्रयास कर रही है। लेखकों से बातचीत के दौरान इस कमेटी के अध्यक्ष श्री केएन दीक्षित ने बताया कि समिति को एक रिपोर्ट पेश करने को कहा गया है, जो प्राचीन भारतीय इतिहास के कुछ पहलुओं को दोबारा से लिखने में सरकार की मदद करेगी। एनडीटीवी ने दावा किया कि कल्चर मिनिस्टर महेश शर्मा ने भी एक इंटरव्यू के दौरान स्वीकार किया है कि इस समिति का काम भारतीय इतिहास को संशोधित करने की बड़ी योजना का हिस्सा है।

  • बुलेट ट्रैन: बाधाएँ दूर, हवा से बातें करने वाली गाड़ी को जमीन मिली

    बुलेट ट्रैन: बाधाएँ दूर, हवा से बातें करने वाली गाड़ी को जमीन मिली

    अपनी शर्तों पर महाराष्ट्र सरकार ने बुलेट ट्रेन स्टेशन के लिए जमीन दे दी है। बांद्रा कुर्ला कांप्लेक्स में बुलेट ट्रेन स्टेशन बनाने के लिए 10 एकड़ जमीन की आवश्यकता थी। इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार में कई बार बातचीत भी हुई। इसके लिए केंद्र सरकार ने मुंबई महानगर प्रदेश विकास प्राधिकरण से बीकेसी में जमीन की मांग की थी, लेकिन उसी स्थान पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस की पसंदीदा परियोजना अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केंद (आइएफएससी) के निर्माण का निर्णय एमएमआरडीए ने लिया है। अब तक इस जमीन को लेकर कई घोषणाएं हुई लेकिन एमएमआरडीए ने अब तक बीकेसी का वह भूखंड रेलवे को नहीं सौंपा था। इसके बाद ये य सवाल उठने लगा था कि क्या रेल मंत्रालय बिना भूखंड के बुलेट ट्रेन का भूमिपूजन करने जा रहा है, लेकिन प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के दबाव के बाद फड़णवीस सरकार ने जमीन देने का फैसला आनन फानन में ले लिया। मुंबई महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (एमएमआरडीए) आयुक्त यू.पी.एस. मदान ने बीकेसी स्थित 10 एकड़ जमीन हाई स्पीड रेल कॉरिडोर को सौंप दी। यह कार्यक्रम में केंद्रीय रेलवे मंत्री पीयूष गोयल और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की उपस्थिति में संपन्न हुआ।

  • बुलेट ट्रैन: बाधाएँ दूर, हवा से बातें करने वाली गाड़ी को जमीन मिली

    बुलेट ट्रैन: बाधाएँ दूर, हवा से बातें करने वाली गाड़ी को जमीन मिली

    अपनी शर्तों पर महाराष्ट्र सरकार ने बुलेट ट्रेन स्टेशन के लिए जमीन दे दी है। बांद्रा कुर्ला कांप्लेक्स में बुलेट ट्रेन स्टेशन बनाने के लिए 10 एकड़ जमीन की आवश्यकता थी। इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार में कई बार बातचीत भी हुई। इसके लिए केंद्र सरकार ने मुंबई महानगर प्रदेश विकास प्राधिकरण से बीकेसी में जमीन की मांग की थी, लेकिन उसी स्थान पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस की पसंदीदा परियोजना अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केंद (आइएफएससी) के निर्माण का निर्णय एमएमआरडीए ने लिया है। अब तक इस जमीन को लेकर कई घोषणाएं हुई लेकिन एमएमआरडीए

  • अवनि चतुर्वेदी ने भरी हौसलों की उड़ान

    अवनि चतुर्वेदी ने भरी हौसलों की उड़ान

    भारतीय वायु सेना की फ़्लाइंग ऑफ़िसर अवनि चतुर्वेदी लड़ाकू विमान अकेले उड़ाने वाली देश की पहली महिला पायलट बन गई हैं. उन्हाेंने रूसी मिग-21 बाइसन में सोमवार को गुजरात के जामनगर एयरबेस से उड़ान भरी और सफलतापूर्वक 30 मिनट का अपना मिशन पूरा किया.

  • पृथ्वी-2 का सफल परीक्षण

    पृथ्वी-2 का सफल परीक्षण

    बालेश्वर (ओडिशा): भारत ने बुधवार (21 फरवरी) को देश में निर्मित एवं परमाणु आयुध ले जाने में सक्षम तथा 350 किलोमीटर की दूरी तक मार करने वाली पृथ्वी-2 मिसाइल का ओडिशा के एक परीक्षण केंद्र से सफल रात्रि परीक्षण किया. रक्षा सूत्रों ने बताया कि सेना द्वारा प्रायोगिक परीक्षण के तौर पर सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइल को रात करीब साढ़े आठ बजे चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण केंद्र (आईटीआर) के प्रक्षेपण परिसर-3 से दागा गया. इस सटीक परीक्षण से पहले 18 जनवरी को अग्नि-5, छह फरवरी को अग्नि-1 और मंगलवार (20 फरवरी) को अग्नि-2 का ओडिशा अपतटीय क्षेत्र स्थित अब्दुल कलाम द्वीप से सफल परीक्षण किया गया था.

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